Akhil Bharatiya Rajbhasha Sammelan: रेलटेल कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड ने राजभाषा हिंदी के प्रभावी एवं प्रगतिशील प्रयोग को बढ़ावा देने तथा राजभाषा के क्षेत्र में उभरते अवसरों और चुनौतियों पर विचार-विमर्श के उद्देश्य से अखिल भारतीय हिंदी सम्मेलन का आयोजन किया।
Akhil Bharatiya Rajbhasha Sammelan
कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगीत, दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुआ। उद्घाटन संबोधन में रेलटेल पूर्वी क्षेत्र के प्रधान कार्यकारी निदेशक, श्री जाकिर हुसैन सिद्दीकी ने हिंदी के प्रचार-प्रसार के महत्व पर प्रकाश डाला तथा संगठन में हिंदी के प्रयोग को बढ़ाने के लिए किए जा रहे प्रयासों को रेखांकित किया। इस अवसर पर रेलटेल की राजभाषा गतिविधियों एवं उपलब्धियों पर प्रस्तुति दी गई तथा राजभाषा पत्रिका ‘तविशी’ के विशेषांक का विमोचन किया गया।
रेलटेल के निदेशक/पीओएम, श्री मनोज टंडन ने स्वरचित कविता का पाठ किया। नराकास के सदस्य सचिव, श्री राजेश बी. नायर ने राजभाषा हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देने के लिए रेलटेल के प्रयासों की सराहना की।
रेलटेल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, श्री संजय कुमार ने विशेष रूप से गैर-हिंदी भाषी क्षेत्रों से आने वाले कर्मचारियों को हिंदी सीखने और दैनिक कार्यालयीन कार्यों में इसके प्रयोग के लिए प्रोत्साहित करने पर बल दिया। उन्होंने सभी भारतीय भाषाओं के समान सम्मान की आवश्यकता भी रेखांकित की।
मुख्य अतिथि, मेट्रो रेलवे के महाप्रबंधक, श्री प्रेम सागर गुप्ता ने कहा कि हिंदी का प्रयोग केवल औपचारिक अवसरों तक सीमित न रहकर दैनिक जीवन और व्यवहार का स्वाभाविक हिस्सा बनना चाहिए।
सम्मेलन में श्री बालेन्दु शर्मा ‘दाधीच’, सीईओ, एआईएलजीओ टेक्नोलॉजीज, दुबई ने “कृत्रिम बुद्धिमत्ता और राजभाषा: अवसर, चुनौतियाँ एवं भविष्य” विषय पर व्याख्यान दिया। डॉ. बरुण कुमार तथा प्रो. अमर पाल शर्मा ने भी राजभाषा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विचार साझा किए।
कार्यक्रम में समाचार वाचन एवं हिंदी प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं। सम्मेलन ने हिंदी के प्रगतिशील प्रयोग, ज्ञान-साझाकरण तथा भारत की भाषाई विविधता के सम्मान के प्रति रेलटेल की प्रतिबद्धता को सुदृढ़ किया।

